• नगरपालिकाबोर्ड द्वारा शहर के सौन्दर्य को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे कार्यों में 56 लाख के कार्य और जुड़ गए हैं। नगरपालिका द्वारा शहर की सीमा पर जयपुर एवं पाली की तरफ विशाल एवं भव्य प्रवेश द्वारों का निर्माण करवाया जाएगा। पालिकाध्यक्ष राजकुमारी शर्मा ने बताया कि शहर में चारों ओर सौन्दर्यकरण का कार्य चल रहा है। नगरपालिका सीमा में पाली एवं जयपुर की तरफ से प्रवेश सीमा पर 26 -26 लाख की लागत से दो प्रवेश द्वारों का निर्माण करवाया जाएगा।

तखतगढ नगर राजस्थान के पाली जिले में स्थित हैं. यह पाली जिले के सीमा पर सांडेराव जालोर राज्य राजमार्ग संख्या १६ पर स्थित हैं, जो राष्ट्रीय राजमार्ग १४ से जुड़ा हुआ है. इस नगर का नाम जोधपुर के महाराजा तख्तसिंह के नाम पर रखा गया. जो तख्तसिंह ने 1890 ईस्वी में बसाया था.

 

इस नगर को वर्ष 1974 के पश्चात् चर्तुर्थ श्रेणी के नगर नगर पालिका के रूप में वर्गीकृत किआ गया था. नगर पालिका की स्थापना, नगर पालिका अधिनियम की धारा ४ की उप धारा (1) के खंड (a) व् (b) के द्वारा अधिसूचना संख्या ऍफ़ १(13) एल, एफ जी/ 74@22669-79 दिनांक 09-04-1975 से तखतगढ़ की स्थापना हुई. तब प्रथम पालिका अध्यक्ष के रूप में सव,श्री बंशीलाल बालदिया ने अध्यक्ष पद संभाला. तखतगढ़ जिला मुख्यालय पाली से ७० किमी के लगभग है. उपखण्ड कार्यालय सुमेरपुर लगता है जो २३ किमी की दुरी पर है. तखतगढ़ के नजदीक निकाय सुमेरपुर २३ किमी किवनगज २५ किमी ,जालोर 50 किमी एवं फालना ४० किमी की दूरी पर हैं|किवदन्ती है कि इसका नाम जोधपुर के राजा तखतसिंह के नाम पर तखतगढ़ रखा गया। यह नगर लगभग १५० साल पुराना है।